मेरान्यूज नेटवर्क.अहमदाबाद: राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने 26 जुलाई, कारगिल विजय दिवस के अवसर पर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि जो राष्ट्र शहीदों और राष्ट्रपुरुषों को भुला देता है, वह राष्ट्र इतिहास से मिट जाता है।

कारगिल विजय दिवस पर भारतमाता की रक्षा के लिए कारगिल युद्ध में शहीद हुए वीर शहीदों को काव्यांजलि अर्पण की गई। इसके लिए विश्वम्भरा संस्था और हिन्दुस्तान रिपब्लिकन एसोसियेशन ऑफ अमेरिका द्वारा आयोजित काव्यांजलि कार्यक्रम में राज्यपाल ने शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए कहा कि राष्ट्र के लिए जीवन की आहुति देने वाले वीर सपूतों और उनके परिवारजनों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करना प्रत्येक नागरिक का धर्म है।

कोरोना संक्रमण के कठिन काल में वेबिनार द्वारा आयोजित इस काव्यांजलि में अमेरिका से कवियित्री मती रचना वास्तव और मती शशि पाधा, आस्ट्रेलिया से कवि हरिहरजी के साथ ही भारत के विभिन्न प्रदेशों से उपस्थित कवि डॉ. ऋषभदेव शर्मा, डॉ. अल्का सिंहा, इन्द्रदेव भारती सहित महानुभाव शामिल हुए और शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। समग्र कार्यक्रम का संचालन डॉ. कविता  वाचक्नवी ने किया।

इसके साथ ही, हिन्दु जागरण मंच हरियाणा द्वारा कारगिल विजय दिवस के मौके पर शहीदों और उनके परिवारजनों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने के लिए वेबिनार का आयोजन किया गया। इसमें हरियाणा विधानसभा के स्पीकर  ज्ञानचन्द गुप्ता, कारगिल युद्ध के समय सेनाध्यक्ष रहे पूर्व सेनाध्यक्ष जनरल वेदप्रकाश मलिक, वीरचक्र से सम्मानित कारगिल योद्धा केप्टन भुपेन्द्रसिंह और परमवीर चक्र से सम्मानित सूबेदार मेजर योगेन्द्रसिंह यादव सहित महानुभाव और शहीदों के परिजन उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में कारगिल शहीदों के परिवारजनों को सम्मानित किया गया। हिन्दु जागरण मंच के राष्ट्रीय सह संयोजक  कमलेश सिंह, प्रांत प्रचारक विजय कुमार सहित सभी महानुभावों ने शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित किए।