मेरान्यूज नेटवर्क. राजकोट: कोरोना संक्रमण के हालात के मद्देनजर राजकोट सिविल हॉस्पिटल में उपलब्ध उपचार सुविधा के संदर्भ में मुख्यमंत्री विजय रूपाणी और उप मुख्यमंत्री नितिन पटेल ने गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सिविल हॉस्पिटल का वर्चुअल दौरा किया। इस दौरान उन्होंने कोरोना संक्रमित मरीजों और दिन-रात उनकी सेवा में जुटे डॉक्टरों व नर्सों के साथ सीधा संवाद किया।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि राज्य सरकार की मंशा राज्य में कोरोना संक्रमण की रोकथाम और बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराकर लोगों को कोरोना मुक्त बनाने की है। इसके लिए राज्य के सरकारी हॉस्पिटलों में विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराकर धन्वंतरि रथ के साथ सर्विलांस की गहन व्यवस्था भी की गई है।

राजकोट में कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए उठाए गए कदमों की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में हेल्पलाइन नं. 104 की सुविधा के साथ संजीवनी रथ के जरिए घर में स्वास्थ्य लाभ ले रहे लोगों के घर जाकर उनकी निःशुल्क चिकित्सा जांच और उपचार भी किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने सिविल हॉस्पिटल में अपनी जान की परवाह किए बगैर दिन- रात लोगों की सेवा में जुटे डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों जैसे फ्रंटलाइन कोरोना योद्धाओं को उनके कार्य के लिए बधाई देते हुए आईसीयू में उपचाराधीन मरीजों को देखने के लिए दिन में दो बार सीनियर डॉक्टरों को विजिट करने को कहा। उन्होंने कहा कि सरकारी हॉस्पिटल में उपचार की जिम्मेदारी को सरकार पूरी निष्ठा के साथ निभा रही है।

मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री को राजकोट सिविल हॉस्पिटल का वर्चुअली दौरा कराते हुए डॉक्टर संजय कापड़िया ने वेंटिलेटर, ऑक्सीजन और बेड जैसी उपलब्ध सुविधाओं के साथ ही हॉस्पिटल में भर्ती मरीजों और उन्हें मुहैया कराई जा रही उपचार सुविधाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी।

इस मौके पर मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हॉस्पिटल में भर्ती मरीजों से उन्हें उपलब्ध उपचार सुविधाओं के बारे में पूछा, जिस पर मरीजों ने पूर्ण संतोष व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री के राजकोट सिविल हॉस्पिटल के इस वर्चुअल दौरे के दौरान स्वास्थ्य विभाग की प्रधान सचिव जयंती रवि, सचिव मिलिंद तोरवणे, उद्योग आयुक्त डॉ. राहुल गुप्ता, कलक्टर रेम्या मोहन और राजकोट मनपा आयुक्त उदित अग्रवाल उपस्थित थे।